Sep 6

तुम्हें बहुत दुःख हो, उससे हटने का एक ही तरीका है − उचित कर्म में उतर जाओ।

तुम्हारे सामने पहाड़ जैसी चुनौतियाँ, समस्याएँ, दुःख खड़े हों, तुम उचित कर्म करने लग जाओ।

भले ही वो उचित कर्म उस पहाड़ के सामने छोटा-सा हो, पर वो छोटा-सा उचित कर्म पहाड़ जैसे…

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Sep 5

जितनी बार

तुम गलत चुनाव करते हो,

जितनी बार

तुम सच्चाई के साथ

बेअदबी करते हो,

उतनी बार

तुम अपने लिए ही

दुःख तैयार कर लेते हो।

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Sep 4

अगर कोई कहे कि

साधना तो बड़ी कठिन है

इसका मतलब है कि

उसने अभी साधना

शुरू ही नहीं करी।

जिसने शुरू ही नहीं करी

उसे बहुत कठिन लगेगी।

जो शुरू करके

आगे बढ़ता जाएगा

उसे क्रमशः आसान लगती जाएगी।

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आचार्य प्रशान्त - Acharya Prashant

आचार्य प्रशान्त - Acharya Prashant

रचनाकार, वक्ता, वेदांत मर्मज्ञ, IIT-IIM अलुमनस व पूर्व सिविल सेवा अधिकारी | acharyaprashant.org