सुसंगति क्या है?

सुसंगति वो है जो तुम्हें अपने तक न ले आए,
बल्कि तुम्हारा हाथ पकड़कर तुम्हे सत्य तक ले जाए।

अधिकांश लोग तुमसे रिश्ता बनाते हैं क्योंकि उन्हें तुमसे कुछ चाहिए।

कोई ही होता है जिसे तुमसे, न किसी और से,
किसी से उसे कुछ नहीं चाहिए।

वो तुम्हारा हाथ थाम रहा है क्योंकि
वो तुम्हें मंज़िल दिखाना चाहता है।
वो रिश्ता रखने लायक है।

--

--

रचनाकार, वक्ता, वेदांत मर्मज्ञ, IIT-IIM अलुमनस व पूर्व सिविल सेवा अधिकारी | acharyaprashant.org

Love podcasts or audiobooks? Learn on the go with our new app.

Get the Medium app

A button that says 'Download on the App Store', and if clicked it will lead you to the iOS App store
A button that says 'Get it on, Google Play', and if clicked it will lead you to the Google Play store
आचार्य प्रशान्त - Acharya Prashant

आचार्य प्रशान्त - Acharya Prashant

800 Followers

रचनाकार, वक्ता, वेदांत मर्मज्ञ, IIT-IIM अलुमनस व पूर्व सिविल सेवा अधिकारी | acharyaprashant.org