आप बहुत गलत तरीके से जी रहे थे, अब आपको बता रही जिंदगी

ज़िंदगी की छोटी-से-छोटी स्थिति भी आपके सामने आती है तो अगर आपकी सुधरने की, सीखने की नीयत है तो उस स्थिति के बाद आप वैसे ही नहीं रह जाएंगे जैसे कि आप उस स्थिति के पहले थे। यह मैंने बात करी जीवन की किसी भी साधारण स्थिति की। अभी जो वैश्विक आपदा हमारे सामने है, वह तो निश्चित ही असाधारण है। जो लोग इस आपदा के बाद भी वैसे ही रह जाए जैसा वो इसके पहले थे, उन्होंने तो फिर ठान रखी है कि जीवन से कुछ सीखना ही…

--

--

--

रचनाकार, वक्ता, वेदांत मर्मज्ञ, IIT-IIM अलुमनस व पूर्व सिविल सेवा अधिकारी | acharyaprashant.org

Love podcasts or audiobooks? Learn on the go with our new app.

Get the Medium app

A button that says 'Download on the App Store', and if clicked it will lead you to the iOS App store
A button that says 'Get it on, Google Play', and if clicked it will lead you to the Google Play store
आचार्य प्रशान्त - Acharya Prashant

आचार्य प्रशान्त - Acharya Prashant

रचनाकार, वक्ता, वेदांत मर्मज्ञ, IIT-IIM अलुमनस व पूर्व सिविल सेवा अधिकारी | acharyaprashant.org

More from Medium

Love & Loss

https://www.pablopicasso.org/friendship.jsp

Day 50: To Feel Something

Finding Light in the Darkness

Cover of Moonlight by Megan VanVolkenburg. The cover includes a sketch crescent moon in the midst of clouds, with a woman dancing beneath it.