आत्मा: कई सवाल

प्रश्नकर्ता: नमस्कार सर! यह आत्मा क्या है? आप क्यों कहते हैं कि आत्मा ना आती है, ना जाती है, ना देखती है, ना सुनती है?

आचार्य प्रशांत: वैसे तो वर्तमान में आत्मा के बहुत सारे अर्थ प्रचलित हो गए हैं, पर आत्मा का असली, मौलिक अर्थ क्या है, यह उन्हीं से पूछ लेते हैं जिन्होंने हमें आत्मा शब्द दिया — ‘आत्मा’ शब्द आता है वेदों से, ख़ासकर उपनिषदों से। तो उपनिषदों के ऋषियों ने क्यों करी आत्मा की बात? हममें से किसी के भी जीवन में सबसे महत्वपूर्ण व्यक्ति कौन होता है? आपसे कहा जाए कि आपके जीवन में सबसे महत्वपूर्ण कौन है या क्या है, तो आप किसी व्यक्ति का नाम लेंगे, किसी चीज़ का नाम लेंगे, लेकिन थोड़ा और गहराई से…

--

--

आचार्य प्रशान्त - Acharya Prashant

रचनाकार, वक्ता, वेदांत मर्मज्ञ, IIT-IIM अलुमनस व पूर्व सिविल सेवा अधिकारी | acharyaprashant.org